


आष्टा नगर में वेदमुथा परिवार के होनहार लाल, मनवीर वेदमुथा ने अपनी अटूट आस्था और दृढ़ संकल्प का परिचय देते हुए शाश्वत गिरिराज की 108 यात्राओं का कठिन तप सफलतापूर्वक पूर्ण किया है। इस अभूतपूर्व और गौरवशाली उपलब्धि के उपलक्ष्य में स्थानीय श्री मानस भवन में गिरिराज यात्रा तप महोत्सव’ एवं तपस्वी बहुमान समारोह का भव्य आयोजन किया गया। इस पुनीत अवसर पर देवगुरु और शासन माता की कृपा से सकल श्री संघ का स्वामी-वात्सल्य भी संपन्न हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने उपस्थित होकर धर्म लाभ लिया।इस गरिमामयी आयोजन में पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष कैलाश परमार ने

तपस्वी मनवीर वेदमुथा का आत्मीय स्वागत एवं सम्मान किया। उन्होंने मनवीर के इस भगीरथ प्रयास की हृदय से अनुमोदना करते हुए कहा कि इतनी कम आयु में जिस संयम, तप और धर्म-निष्ठा का अद्भुत उदाहरण इस बालक ने प्रस्तुत किया है, वह पूरे समाज के लिए अत्यंत प्रेरणादायक है। इस मांगलिक प्रसंग पर तपस्वी के परिवार से प्रतिक्षारत श्रीमती निर्मला देवी, मांगीलाल, महेंद्रकुमार और दिलीपकुमार वेदमुथा सहित समूचे जैन समाज ने जयकारों के साथ बाल तपस्वी की उत्कृष्ट साधना की भूरि-भूरि प्रशंसा की और उनके उज्ज्वल व मंगलमय जीवन की कामना की।



