

आष्टा। धार्मिक आस्था और उमंग के वातावरण के बीच आज वार्ड क्रमांक 13 हाथीखाना से बाबा रामदेव के पावन धाम रामदेवरा, राजस्थान के लिए 52 तीर्थयात्रियों का एक जत्था हर्षाेल्लास के साथ विगत दिनों रवाना हुआ था जो सकुशल दर्शन कर पुनः नगरागमन पर श्री मानस भवन परिसर में स्वागत कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जहां उपस्थित सभीजनों ने तीर्थयात्रियों का आत्मीय अभिनंदन किया।

कार्यक्रम के दौरान नपाध्यक्ष प्रतिनिधि रायसिंह मेवाड़ा ने सभी श्रद्धालुओं का भगवा दुपट्टा पहनाकर और पुष्प वर्षा कर स्वागत किया। उन्होंने बाबा रामदेव जी का स्मरण करते हुए सभी यात्रियों को सुखद, मंगलमय और सुरक्षित यात्रापूर्ण करने पर शुभकामनाएं दी। स्वागत समारोह के दौरान नपाध्यक्ष प्रतिनिधि रायसिंह मेवाड़ा ने कहा कि तीर्थ यात्रा केवल एक स्थान से दूसरे स्थान की दूरी तय करना नहीं है, बल्कि यह हमारी अंतरात्मा को ईश्वर से जोड़ने और भक्ति भाव को जागृत करने का पवित्र मार्ग है। बाबा रामदेव जी समरसता, लोक कल्याण और भक्ति के प्रतीक हैं। आज वार्ड क्रमांक 13 हाथीखाना के हमारे 52 भाई-बहन बाबा के दिव्य दर्शन कर अपने नगर में सकुशल लौटे,

जो पूरे क्षेत्र के लिए अत्यंत सौभाग्य और हर्ष का विषय है। मैं ईश्वर से प्रार्थना करता हूं कि बाबा रामदेव जी महाराज आप सभी की मनोकामनाएं पूरी करें और आपकी यात्रा मंगलमय हो। आप सभी ने नगर में सुख, शांति, समृद्धि और खुशहाली की कामना के साथ बाबा के दरबार में निश्चित रूप से अपनी हाजिरी लगाई होगी। इस अवसर पर नपाध्यक्ष प्रतिनिधि रायसिंह मेवाड़ा, पार्षद रवि शर्मा, तेजपाल कल्लू मुकाती, सुभाष नामदेव, कैलाश बगाना, जितेन्द्र बुदासा, सूरज रेकवाल, हेमराज पड़ियार, अरविंद रेकवाल, धर्मेन्द्र रेकवाल, प्रेमबाई आदि मौजूद थे।

