

updatenews247.com धंनजय जाट आष्टा 7746898041 घाट रेनोवेशन, पाथवे, आरसीसी ड्रेन के साथ स्थापित होगी आकर्षक डेकोरेटिव छतरी। नगरपालिका द्वारा नगर की प्राचीन धरोहर खेड़ापति कमल तालाब को संवारने का कार्य तेजी से जारी है। सौंदर्यीकरण कार्य के साथ-साथ रोड़़ चौड़ीकरण, पेबर्स स्थापन कार्य, रेलिंग का कार्य प्रगति पर है, वहीं घाट रेनोवेशन, आरसीसी ड्रेन, डेकोरेटिव छतरी, घाट एवं नागरिकों की सुरक्षा के लिए तार की जाली का कार्य किया जाना है, जिसकी कार्ययोजना पूर्ण हो चुकी है। निर्माणाधीन कार्यो का नपाध्यक्ष प्रतिनिधि रायसिंह मेवाड़ा ने नपा के तकनीकी अधिकारी एवं पार्षदों की उपस्थिति में निरीक्षण किया।निरीक्षण के दौरान नपाध्यक्ष प्रतिनिधि रायसिंह मेवाड़ा ने बताया कि खेड़ापति मार्ग वर्षो पुराना था जो कि काफी संकरा था।

इसी मार्ग से नागरिकगण टहलने के लिए आते है, वहीं प्राचीन खेड़ापति दरबार में भी दर्शनार्थ बड़ी संख्या में वाहनों से आवागमन करते है। मार्ग के संकरा होने के कारण आवागमन में परेशानी होती थी। ऐसी स्थिति में परिषद ने इस मार्ग के चौड़ीकरण का निर्णय लिया जिसका कार्य प्रगति पर है। साथ ही रोड़ के दोनों ओर पाथवे का निर्माण किया जा रहा है, जिस पर पेबर्स स्थापित होंगे। श्री मेवाड़ा ने बताया कि नागरिकों एवं वाहनों की सुरक्षा की दृष्टि से तालाब के किनारों पर रेलिंग का कार्य भी जारी है। नपाध्यक्ष प्रतिनिधि रायसिंह मेवाड़ा ने जानकारी देते हुए यह भी बताया कि तालाब के सौंदर्यीकरण की दृष्टि से घाट का रेनोवेशन कार्य, डेकोरेटिव छतरी, घाट एवं नागरिकों की सुरक्षा के लिए तार की जाली का भी निर्माण होना है।

गंदे पानी की समस्या का होगा समाधान – निरीक्षण के दौरान नपाध्यक्ष प्रतिनिधि रायसिंह मेवाड़ा ने अधिकारियों एवं पार्षदों की उपस्थिति में छात्रावास से निकलने वाले गंदे नाले का भी निरीक्षण किया। उक्त गंदे पानी का स्थायी समाधान करने के लिए नगरपालिका द्वारा आरसीसी ड्रेन का निर्माण किया जा रहा है जो प्रगति पर है। आरसीसी ड्रेन के निर्माण होने से जहां नागरिकों को गंदे पानी की समस्या से पूर्ण रूप से निजात मिलेगी, वहीं जल भराव जैसी समस्या से भी छुटकारा मिलेगा। इस अवसर पर नपाध्यक्ष प्रतिनिधि रायसिंह मेवाड़ा के साथ नपा उपाध्यक्ष प्रतिनिधि भूरू खा, पार्षदगण कमलेश जैन, रवि शर्मा, डॉ सलीम खान, सुभाष नामदेव, तारा कटारिया, तेजपाल कल्लू मुकाती, सहायक यंत्री आकाश गुयतर, उपयंत्री अनिल धुर्वे, आशिक मंसूरी आदि मौजूद थे।


