

आष्टा। नगर के सी.एम. राइज सांदीपनि शासकीय उमावि आष्टा में गुरूवार को अजीम प्रेम जी फाउंडेशन द्वारा वार्षिक उत्सव एवं प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। विद्यालय प्राचार्य सितवत खान ने बताया कि वर्ष 2001 में अजीम प्रेम जी फाउंडेशन की ओपचारिक शुरूआत हुई थी। इसका मुख्य कार्य क्षेत्र शिक्षा, स्वास्थ्य और आजिविका है। इसका उद्देश्य एक न्यायपूर्ण समतामूलक और मानवीय एवं टिकाउ समाज के निर्माण मंे योग देना है। इसके माध्यम से सरकारी स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार किया जा रहा है

और समानता के अवसर उपलब्ध हो ऐसे प्रयास किए जा रहे है। प्राचार्यो, प्रधानाध्यापकों और शिक्षकों का क्षमता विकास किया जा रहा है। पाठ्यक्रम, पाठ्यपुस्तक, मूल्यांकन की विभिन्न व्यवहारिक पद्धतियों को कैसे प्रयोग में लाया जाएं यह शिक्षकों को बताया जा रहा है। फाउंडेशन प्रशिक्षण केन्द्रों और शैक्षिक संस्थानों के लिए काम कर रहा है। इसके साथ ही ग्रामीण और वंचित समुदायों के स्वास्थ्य में सुधार, सार्वजनिक स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करना, प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं, अस्पतालों और अनुसांधन केन्द्र के

क्षेत्र में काम करते हुए सहयोगी संस्थाओं को अनुदान भी दिया जाता है। साथ साथ कमजोर और वंचित वर्गो की आय बढ़ाने के प्रयास किए जाते है, और रोजगार के अवसर उपलब्ध करवाने में सहयोग किया जाता है। फाउंडेशन सरकारी योजनाओं और नागरिक अधिकारों तक आम-जन की पहुंच को बढ़ाने में सहयोग करता है। प्रदर्शनी में अजीम प्रेम जी स्कालरशिप कार्यक्रम की जानकारी भी दी गई और बताया गया कि 10वीं एवं 12वीं दोनो कक्षाएं किसी नियमित छात्रा द्वारा यदि किसी सरकारी स्कूल से पास की जाती है,

तो काॅलेज में प्रवेश लेने पर छात्रा को तीस हजार रूपयें की वार्षिक स्कालरशिप फाउंडेशन द्वारा प्रदान की जाती है। सत्र 2025-26 में सीहोर जिले में 1593 छात्राओं को इस छात्रवृत्ति का लाभ प्राप्त हुआ है। प्रदर्शनी में विभिन्न स्कूलों में अच्छा कार्य करने वाले कई शिक्षकों द्वारा किए गए कार्य को प्रदर्शित किया गया। इस प्रदर्शनी में लगभग 600 शिक्षकों, विद्यार्थियों एवं अन्य व्यक्तियों द्वारा अवलोकन किया गया। प्राचार्य सितवत खान ने बताया कि सांदीपनि विद्यालय एवं अन्य विद्यालयों के शिक्षकों ने प्रदर्शनी का सूक्ष्मअवलोकन किया और अन्य शिक्षकों द्वारा

किए गए नवाचार को सराहते हुए अनुकरणीय बताया। फाउंडेशन के विशेषज्ञों द्वारा शिक्षकों और विद्यार्थियों के प्रश्नों के उत्तर भी दिए गए और उनसे कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में जो भी बेहतर हो सकेगा फाउंडेशन भरपूर मदद करेगा। प्रदर्शनी में असमा खानम, अंत्येश धारवां, पदमा परमार, जितेन्द्र मेवाड़े, सम्राट ढोके, भूपेन्द्र सिंह, नवीन मौर्य, डाॅ. तेजपाल सिंह, वीरेन्द्र सिंह, गौतम चैरसिया, पल्लवी वर्मा, राजीव सारसिया, सतीश वर्मा, कासिम खान, वंदना सोलंकी, श्वेता पांडेय आदि की महत्वूपर्ण भूमिका रही।

