
होली एंजेल्स स्कूल आष्टा में गूंजे कन्हैया के जयकारे, नन्हे-मुन्नों ने दी मनमोहक प्रस्तुतियां, संस्कृति और संस्कारों की अनूठी मिसाल विद्यालय में हो रहा तीन दिवसीय जन्माष्टमी महापर्व का भव्य आयोजन, नटखट कान्हा और गोपियों के रूपों से सजा होली एंजेल्स स्कूल प्रांगण, श्रीकृष्ण लीलाओं ने मोहा मन, शिक्षा के साथ संस्कारों का संगम विद्यालय में धूमधाम से मनाया जा रहा जन्माष्टमी उत्सव


Updatenews247.com धंनजय जाट आष्टा 7746898041- विद्यालय प्राचार्य सी.बी. वर्गीस के कुशल मार्गदर्शन और प्रबंधक जाॅन्सी सी.बी. की गरिमामयी उपस्थिति में होली एंजेल्स हायर सेकेंडरी स्कूल, आष्टा (कन्नौद रोड, वार्ड क्रमांक 16) में तीन दिवसीय जन्माष्टमी महापर्व अत्यंत हर्षोल्लास और धूमधाम के साथ मनाया जा रहा है।


विद्यालय प्रांगण में गूंजते कन्हैया के जयकारों और बच्चों की मनमोहक प्रस्तुतियों ने पूरे वातावरण को पूरी तरह से भक्तिमय बना दिया। नन्हे-मुन्ने विद्यार्थियों ने श्री कृष्ण, राधा, रुक्मणी, देवकी और यशोदा के स्वरूप में अपनी मनमोहक कला का प्रदर्शन किया, तो वहीं कुछ छात्रों ने मामा कंस और विभिन्न आसुरी पात्रों की भूमिकाओं को जीवंत कर महाभारत और कृष्ण लीलाओं के अलग-अलग प्रसंगों को मंच पर उतारा। इन रंगारंग प्रस्तुतियों ने उपस्थित सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं और विद्यार्थियों का मन मोह लिया।


प्राचार्य सी.बी. वर्गीस सर का मानना है कि “सजा है दरबार बाँके बिहारी का, गूँज रहा है हर तरफ नाम मुरारी का। शिक्षा के संग संस्कार जो सींचे, वही सच्चा मंदिर है विद्या और ज्ञान का।।” आगे उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से बच्चों में कम उम्र से ही भारतीय संस्कृति, परंपराओं और धार्मिक धरोहर के प्रति जुड़ाव और सम्मान की भावना जागृत होती है। भगवान कृष्ण के जीवन प्रसंगों और उनकी लीलाओं के मंचन से विद्यार्थियों को यह सीख मिलती है कि हमेशा अधर्म और बुराई का नाश होता है तथा सत्य व धर्म की ही जीत होती है।

विद्यालय में शैक्षणिक गतिविधियों के साथ इस तरह के सांस्कृतिक एवं धार्मिक आयोजन बच्चों के आत्मविश्वास को बढ़ाते हैं और उन्हें विभिन्न कलाओं में निपुण बनाते हैं। इसी के साथ विद्यालय प्रबंधक जाॅन्सी सीबी द्वारा विद्यालय की ओर से समस्त नगरवासी, अभिभावकों, शिक्षक शिक्षिकाओं एवं समस्त विद्यार्थियों को जन्माष्टमी की शुभकामनाएं प्रेषित करते हुए छात्र-छात्राओं द्वारा दी गई मनमोहक प्रस्तुतियों की प्रशंसा की। तीन-दिवसीय जन्माष्टमी महोत्सव में विद्यालयके तपस राय, चंदर सिंह ठाकुर, राम विश्वकर्मा, संदीप कुमार सैनी, रोनी थॉमस आदि शिक्षक शिक्षिकाओं की अहम भूमिका रही।





