

पुलिस अधीक्षक सीहोर श्रीमती सोनाक्षी सक्सेना के निर्देश पर गठित सीनियर सिटीजन पुलिस पंचायत की बैठक कार्यालय में आयोजित की गई। बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ प्रशांत चौबे के नेतृत्व में कोर कमेटी सदस्य श्री अनिल पालीवाल, श्री साधु राम शर्मा, श्री कमल सिंह ठाकुर की उपस्थिति में संपन्न हुई। प्रकरण क्रमांक 01 ग्रामीण क्षेत्र के सीनियर सिटीजन ने शिकायत दर्ज कराई की बेटे ने जमीन की बात पर से मारपीट गाली गलौच की है तथा उस दिन से ही न केवल घर में तनाव है बल्कि अत्यधि अपमानजनक स्थिति बनी हुई है, जिस कारण से रहना मुश्किल हो रहा है।

पंचायत में सुनवाई के दौरान दोनों पक्षों को सुना गया। अनावेदक ने अपना पक्ष बताया तथा खुद के द्वारा विवादादी को स्वीकार किया। पंचायत के द्वारा परामर्श दिया गया की किसी भी स्थिति में पिता के साथ विवाद, मारपीट तथा शब्दों की मर्यादा का उल्लंघन जैसी स्थिति नहीं होना चाहिए। कोई कितना ही कुछ करे, लेकिन वह अपना बचपन ना भूले। जब वह किसी भी काबिल नहीं होता, तब माता पिता ही चलने बोलने लायक बनाते हैं तथा लगभग जीवन की सारी गतिविधि उन्हीं पर आश्रित होती है। पंचायत के द्वारा बेटे की पिता की प्रति आक्रामकता पर तीखा प्रहार तथा निंदा की गई

तथापिता के समक्ष कार्रवाई के विकल्प बताए तब आवेदक की इच्छा के अनुसार बेटे के द्वारा पैर छूकर माफी मांगने तथा भविष्य में किसी भी प्रकार से परेशान न करने की बात पर सहमति जताई। बेटे के द्वारा सबके समक्ष माफ़ी मांगने पर माफ करने को पंचायत के द्वारा आवेदक का बड़प्पन बताते हुए सराहना की गई तथा आवेदक के द्वारा बेटे को गले से लगाकर आशीर्वाद दिया गया। पंचायत की कार्रवाई पर आवेदक द्वारा धन्यवाद ज्ञापित किया गया।प्रकरण क्रमांक 02 इछावर क्षेत्र के निवासी सीनियर सिटीजन द्वारा आवेदन प्रस्तुत किया गया कि उनके बेटे के नाम से कुछ काम कराने के लिए गांव के ही अनावेदक ने रुपए लिए लेकिन रुपए

वापस नहीं कर रहे हैं तथा कोई मदद भी नहीं कर रहे हैं पंचायत में सुनवाई के दौरान अनावदक के द्वारा बताया गया कि रुपया उसने न लेकर किसी और को दिलवाए थे जिस कारण से दिक्कत हो रही है। पंचायत के द्वारा सख्त हिदायत देते हुए कहा गया कि तीन दिवसीय अन्दर।यदि आवेदक का समाधान नहीं होता है तो प्रकरण में वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।आनावेदक पक्ष की जिम्मेदारी है कि वह समाधान करे। प्रकरण में आवेदक को तीन दिवस मैं वस्तुस्थिति से अवगत कराने हेतु बताया गया।प्रकरण क्रमांक 03ग्रामीण क्षेत्र के आवेदक के द्वारा शिकायत प्रस्तुत की गई थी।

उनके द्वारा बच्चों के पढ़ाई आदि के लिए शहर मैं मकान बनाया गया था तथा अपने किसी परिचित को किराए पर दिया गया था, पांच साल से न तो वह किराया दे रहा है, नहीं मकान खाली कर रहा है। पंचायत में सुनवाई के दौरान पूरा प्रकरण तथा प्रकरण की समग्र परिस्थितियाँ विचार की गई तथा अनवेदक को पक्ष प्रस्तुत करने हेतु तीन दिन का समय प्रदान किया गया। पंचायत के द्वारा बताया गया कि किसी भी सीनियर सिटीजन के मकान पर कब्जा करना गैरकानूनी है तथा इस पर कार्रवाई की जा सकती है, जिसके लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं। प्रकरण में आगामी तिथि पर पुनःविचारण किया जाएगा।प्रकरण क्रमांक04ग्रामीण क्षेत्र के 75 वर्षीय सीनियर सिटीजन ने

शिकायत प्रस्तुत की गई, उनके दामाद को उन्होंने गाँव में बुलाया तथा कुछ रुपये लेकर जमीन का तुकड़ा तथा गाँव में बजाने का अधिकार दिया अब आवेदक परेशान है तथा रोजी रोटी के लिए भी परेशानी हो रही है। पंचायत में सुनवाई के दौरान अनवेदक द्वारा गाँव में बजाने के अधिकार को बेचना तथा एक एकड़ जमीन आवेदक द्वारा बेचना बताया गया। पंचायत ने परामर्श दिया कि दोनों पक्ष आपस में रिश्तेदार हैं। आवेदक अत्यधिक बुजुर्ग हैं अतः उन्हें रोजी रोटी के अधिकार से न रोका जाए, जिस पर अनावेदक सहमत हुए तथा तय हुआ कि आवेदक को किस प्रकार से रोका नहीं जाएगा तथा वह गाँव में अपने हिसाब से रोजी रोटी के लिए कार्य कर सकेगा।पंचायत में अन्य प्रकरणों में भी सुनवाई की गई तथा कुछ प्रकरणों में दस्तावेज आदि के लिए कुछ प्रकरणों में पक्ष प्रस्तुतिकरण के लिए समय प्रदान किया गया.।

