
सीहोर- बच्चों में खेल गतिविधियों को प्रोत्साहित करने की दृष्टि से प्रदाय किए गए ट्रैकसूट व स्पोर्ट्स शू। पुलिस मुख्यालय द्वारा सामुदायिक पुलिसिंग के अंतर्गत एवं यूनिसेफ मध्य प्रदेश के तकनीकी सहयोग से संचालित “सृजन अभियान” का आज समापन हुआ । समापन कार्यक्रम का आयोजन पुलिस अधीक्षक कार्यालय, सीहोर के सभा कक्ष में किया गया ।कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक सीहोर, श्री दीपक कुमार शुक्ला ने उपस्थित छात्र छात्राओं को संबोधित किया तथा बच्चों के उत्साह की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षा और स्वास्थ्य ही वे दो स्तंभ हैं, जिनके आधार पर एक उज्जवल भविष्य का निर्माण संभव है। उन्होंने बच्चों को अपने जीवन में अनुशासन अपनाने और निरंतर सीखने की प्रेरणा दी।*सशक्तिकरण एवं सहायता:-*आहुति शिक्षा एवं मानव अधिकार सेवा फाउंडेशन ( निःशुल्क सेवा केंद्र ग्राम खंडवा) द्वारा पूर्व से बच्चों को शिक्षा प्रदान की जा रही थी उनके साथ मिलकर यह “सृजन” कार्यक्रम कराया गया । इस 15 दिवसीय अभियान का मुख्य उद्देश्य आत्मरक्षा, लैंगिक सकारात्मक कार्यों एवं नेतृत्व पहल के माध्यम से किशोर और किशोरियों का सशक्तिकरण करना था। 15 दिवसीय सृजन कार्यक्रम के अंतर्गत बच्चों को आत्मरक्षा, स्वच्छता, स्किल डेवलपमेंट, स्वास्थ्य संबंधी सावधानियां, पास्को एक्ट, साइबर अपराध एवं उपाय, यातायात नियमों के संबंध में जानकारी दी गई। समापन के अवसर पर बच्चों में खेल गतिविधियों को प्रोत्साहित करने की दृष्टि से अनब्रेको (Unbrako) कंपनी के सौजन्य से उपस्थित 26 छात्र एवं 42 छात्राये (कुल 68 ) को निःशुल्क ट्रैकसूट एवं स्पोर्ट्स शू प्रदान किए गए।बच्चों ने सृजन अभियान के अंतर्गत 15 दिनों में सीखे गए जीवन कौशल (Life Skills) के अनुभवों को साझा किया।अभियान की उपलब्धि: “सृजन अभियान” के माध्यम से सीहोर पुलिस ने बच्चों को घरेलू हिंसा, शोषण से बचाव और आत्मरक्षा के प्रति जागरूक करने में सफलता प्राप्त की है। पुलिस विभाग का संकल्प है कि भविष्य में भी इस प्रकार की सामुदायिक पहल जारी रहेगी ताकि युवाओं को समाज की मुख्यधारा से जोड़कर उन्हें एक सुरक्षित वातावरण प्रदान किया जा सके।इस अवसर पर सृजन कार्यक्रम को सफल बनाने वाली सूबेदार प्राची राजपूत, अनब्रेको कंपनी के मैनेजर (पब्लिक रिलेशन) श्री विनीत दुबे , आहुति शिक्षा एवं मानव अधिकार सेवा फाउंडेशन (निःशुल्क शिक्षा केंद्र ग्राम खंडवा तहसील श्यामपुर) के प्रतिनिधि विजेंद्र जाट तथा पुलिस विभाग के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।